बाराबंकी - हर गरीब को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के लिए केंद्र सरकार द्वारा आयुष्मान भारत योजना लागू की गयी है। इस योजना के तहत जनपद में 23 हजार से ज्यादा लाभार्थियों को 30.24 करोड़ रूपया का नि:शुल्क इलाज किया चुका है। अब तक 4.91 लाख से अधिक आयुष्मान कार्ड जारी किये जा चुके है।
अपर मुख्य चिकित्साधिकारी एवं योजना के नोडल अधिकारी डा डीके श्रीवास्तव ने बताया आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत अब तक जिला के 387774 अछादित परिवारों के 491864 से ज्यादा आयुष्मान कार्ड बनाये जा चुके है। इस योजना से आच्छादित परिवारों को प्रतिवर्ष प्रति परिवार पांच लाख रुपए तक के नि:शुल्क उपचार की व्यवस्था हैं। इसका लाभ उठाने के लिए योजना के पात्र व्यक्ति के पास गोल्डेन कार्ड होना जरूरी है।
नोडल अधिकारी ने बताया बताया कि सूचीबद्ध अस्पतालों में 5 लाख रूपए तक का मेडिकल उपचार मुफ्त मुहैया कराया जा रहा है। इसमें विभिन्न प्रकार की जांच, हॉस्पिटल में भर्ती एवं भर्ती रहने के दौरान सभी खर्चे, दवाइयां, आपरेशन आदि सम्मिलित हैं, यानि गोल्डन कार्डधारकों को बीमार पड़ने पर सिर्फ अपना गोल्डन कार्ड चिन्हित हॉस्पिटल में लेकर जाना होगा, वहां उसको इलाज के लिए कोई पैसा नहीं देना पड़ेगा ।
सीएमओ डा अवधेश कुमार ने आयुष्मान योजना अंतर्गत आयुष्मान कार्ड के लिए चिन्हित परिवार से अपील कि वे अपना एवं अपने परिवार के सदस्यों का कार्ड जरूर बनवा लें। उन्होंने बताया इस योजना के अंतर्गत गंभीर बीमारियों जैसे ह्रदय रोग, किडनी रोग, घुटना प्रत्यारोपण, कैंसर एवं सर्जरी इत्यादि की सुविधा है। साथ ही अन्त्योदय कार्ड धारक व्यक्ति के साथ-साथ उसके परिजनों को भी इस योजना का भी लाभ मिलेगा।
आयुष्मान कार्ड धारकों ने बताया अपना फायदा: जिले के ब्लाक रामनगर के ग्राम बिंदौरा परसपुर की रहने वाली सुमित्रा उम्र 35 वर्ष ने बताया कि पिछले कई साल से पित्ताशय की थैली में पथरी होने की वजह से तेज दर्द रहता था। गांव की आशा कार्यकर्ता ने उनको आयुष्मान कार्ड के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होने मौके पर आयुष्मान कार्ड बनवाकर जिले के मेव हॉस्पिटल में नि:शुल्क अपने पथरी का सफल अपरेशन कराया। इसके तहत उनको पथरी जैसी बिमारी से निजात मिल सका। उनका कहना है कि अब मै बिल्कूल स्वस्थ्य है।
ब्लॉक बंकी के ग्राम भिटौली कला की निवासी रीमा 30 के पति रामा अपने जीवकोपार्जन के लिए मजदूरी का कार्य कर अपने परिवार का पालन पोषण करते है। उनकी पत्नी को तय समय से पहले व सीजेरियन प्रसव के लिए जिला अस्पताल से मेडिकल कालेज लखनऊ के लिए रेफर किया गया । मौके पर उनके पास आयुष्मान कार्ड होने पर जिले के एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कराकर नि:शुल्क सफल प्रसव कराने का कार्य किया गया। आयुष्मान कार्ड हम जैसे गरीब के लिए वरदान सबित हुआ।
ब्लॉक हैदरगढ़ के ग्राम बीजापुर के निवासी धर्मराज 27 साल ने बताया कि पिछले कई साल से कान में दर्द बना रहता था। जब उसकी अस्पताल में जांच करवाया गया। उसके तहत पता चला की मास्टॉयडेक्टॉमी नामक बीमारी है। जो कान के बीच में होने वाले संक्रमण से होता है और वह कान में सिस्ट का रूप ले लेता है। इस दौरान अस्पताल की ओर से आपरेशन करने की बात कही गई। जिसके इलाज में मोटा खर्च बात कहीं गई। यह सोचकर वह बहुत परेशान एवं चिंतित थे। उनको गांव की आशा के माध्यम से आयुष्मान कार्ड के बारे में जानकारी मिली। मौके पर आयुष्मान कार्ड बनवाया गया। इस कार्ड के तहत 26 सितम्बर को जिले के मेव हॉस्पिटल में कान में सिस्ट का नि:शुल्क अपरेशन करवाया गया। इस उपचार में 28 हजार का खर्चा आया जोकि कार्ड से नि:शुल्क रहा। उनका कहना है कि अब मै स्वस्थ्य हूं।